Difference Between The Captaincy Of Rohit Sharma And MS Dhoni: भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व स्पिनर हरभजन सिंह (Harbhajan Singh) ने हाल ही में रोहित शर्मा (Rohit Sharma) और महेंद्र सिंह धोनी (MS Dhoni) की कप्तानी शैली में अंतर के बारे में बात की। उन्होंने कहा कि दोनों की लीडरशिप स्टाइल एक-दूसरे से बिल्कुल अलग है।
धोनी खिलाड़ियों को गलतियों से सीखने देते हैं
हरभजन ने बताया कि धोनी कभी किसी खिलाड़ी के पास जाकर उससे फील्डिंग पोजीशन के बारे में नहीं पूछते। वह खिलाड़ियों को अपनी गलतियों से सीखने का मौका देते हैं।
भज्जी ने आईपीएल का एक किस्सा साझा किया, जब शार्दुल ठाकुर (Shardul Thakur) की गेंदबाजी पर केन विलियमसन (Kane Williamson) ने लगातार दो बाउंड्री मारी थीं। हरभजन ने धोनी से शार्दुल को लेंथ बदलने को कहने का सुझाव दिया, लेकिन धोनी ने कहा कि अगर वह अभी बता देंगे तो शार्दुल कभी नहीं सीखेगा।
ये भी पढ़ें:-
- IPL इतिहास में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले टॉप 5 बल्लेबाजों की सूची, क्लिक कर जानिए.
- क्रुणाल पांड्या ने की राजत पाटीदार की कप्तानी की खुलकर तारीफ, जानिए.
- Bhuvneshwar Kumar बने IPL 2026 Most Wickets टेकर, Bhuvi ने मचाया गेंदबाजी से तूफान.
- Virat Kohli का क्रेज आज भी बरकरार, DDCA डायरेक्टर ने कहा – 40 साल में ऐसा दबाव कभी नहीं देखा.
- Sanju Samson Journey – संघर्ष से सुपरस्टार तक का सफर.
रोहित हर खिलाड़ी से बातचीत करते हैं
वहीं, रोहित शर्मा की कप्तानी शैली के बारे में हरभजन ने कहा कि वह हर खिलाड़ी से बात करते हैं और उन्हें यह विश्वास दिलाते हैं कि वह अच्छा प्रदर्शन कर सकते हैं। रोहित खिलाड़ियों के कंधे पर हाथ रखकर उनसे अपनी अपेक्षाओं के बारे में बताते हैं।
टेस्ट कप्तानी ने रोहित को बेहतर बनाया
हरभजन का मानना है कि टेस्ट क्रिकेट में कप्तानी करने से रोहित और भी बेहतर कप्तान बने हैं। उन्होंने कहा कि टेस्ट क्रिकेट में कप्तान को हर पल सतर्क रहना पड़ता है और उसकी रणनीति व उसके क्रियान्वयन से ही मैच का नतीजा तय होता है। टेस्ट में अच्छी कप्तानी करने वाला खिलाड़ी सीमित ओवरों के फॉर्मेट में भी बेहतर प्रदर्शन करता है।
हरभजन सिंह के इस विश्लेषण से साफ है कि रोहित शर्मा और एमएस धोनी दोनों ही अपने-अपने अंदाज में प्रभावी कप्तान हैं। हालांकि, उनकी कप्तानी शैली में काफी अंतर है, लेकिन दोनों ही अपनी टीम को बेहतरीन तरीके से लीड करते हैं।



